इस वजह से तेज हो रही Gold-Silver की कीमतें
वित्त मंत्री ने साफ किया कि सोना और चांदी की कीमतों में मौजूदा तेजी को केवल भारत की खपत के नजरिये से नहीं देखा जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि दुनिया भर के कई केंद्रीय बैंक बड़ी मात्रा में सोना और चांदी खरीदकर (Gold-Silver Buying) अपने भंडार में शामिल कर रहे हैं।
सीतारमण के मुताबिक, पहले वैश्विक सोने की कीमतें मुख्य रूप से भारत और चीन जैसे देशों की मजबूत मांग से प्रभावित होती थीं। लेकिन मौजूदा बढ़ोतरी की बड़ी वजह केंद्रीय बैंकों की भारी खरीदारी और स्टोरेज है। इस वैश्विक स्तर पर हो रही खरीदारी के चलते सोना-चांदी की कीमतों में सामान्य बाजार उतार-चढ़ाव से कहीं ज्यादा उछाल देखने को मिल रहा है।
सरकार कदम उठा रही है, लेकिन
सोना-चांदी की कीमतों को लेकर वित्त मंत्री ने आगे कहा कि भारतीय परिवारों के लिए सोना हमेशा से एक पसंदीदा निवेश विकल्प रहा है। चाहे अक्षय तृतीया हो या अन्य शुभ अवसर और त्योहार, इन मौकों पर सोने की मांग में अक्सर तेज बढ़ोतरी देखने को मिलती है।
उन्होंने बताया कि भारत में सोने की खोज और निष्कर्षण (Gold Extracting) के लिए पर्याप्त घरेलू संसाधन उपलब्ध नहीं हैं। हालांकि इस स्थिति को सुधारने के लिए कुछ कदम उठाए जा रहे हैं, लेकिन फिलहाल ये प्रयास देश की कुल मांग को पूरा करने के लिए पर्याप्त नहीं हैं।
Gold-Silver के लेटेस्ट रेट
सोमवार को सोना और चांदी की कीमतों में जबरदस्त उछाल देखने को मिला। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर 5 मार्च एक्सपायरी वाली चांदी का भाव पिछले शुक्रवार के बंद 2,52,944 रुपये प्रति किलो से बढ़कर 2,68,875 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया। यानी एक ही झटके में चांदी की कीमत 15,931 रुपये बढ़ गई।
वहीं सोने की बात करें तो पहले कारोबारी दिन इसमें भी तेजी देखने को मिली। MCX पर 2 अप्रैल एक्सपायरी वाला 24 कैरेट सोना (10 ग्राम) पिछले बंद 1,56,876 रुपये के मुकाबले सोमवार को उछलकर 1,60,600 रुपये पर पहुंच गया। इस तरह सोना 3,724 रुपये प्रति 10 ग्राम महंगा हो गया।

