- Hindi News
- राजनीति
- राहुल के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के बाद भाजपा नेता गुस्से में क्यों हैं…किस बात पर इनको आपत्ति ह...
राहुल के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के बाद भाजपा नेता गुस्से में क्यों हैं…किस बात पर इनको आपत्ति है?
इंदौर। इंदौर में राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के बाद सियायत गरमा गई है। इस कार्यक्रम में छात्रों की समस्याओं पर चर्चा की गई थी। लेकिन इसमें हुए कुछ वाकये ने राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नकल का मुद्दे पर भाजपा नेताओं ने आपत्ति जताई है। कार्यक्रम में स्टैंडअप कॉमेडियन पुलकित मणि ने पीएम मोदी के अंदाज में हाव-भाव और संवाद किए। राहुल गांधी भी इस दौरान उनके साथ हंसते नजर आए। कार्यक्रम का वीडियो कांग्रेस ने X पर शेयर किया। इसके बाद भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी की दिवंगत मां का अपमान किया गया।
बता दें कि छात्रों की गूंज कार्यक्रम में राहुल गांधी ने छात्रों की शिक्षा, भर्ती, परीक्षा, आरक्षण, हॉस्टल और रोजगार से जुड़े मुद्दों पर बात की। उन्होंने कहा कि छात्रों की शिक्षा और उनके आसपास का माहौल देश के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण है। उनके मुताबिक, आज छात्र दबाव में हैं और शिक्षा हर बच्चे की पहुंच में नहीं है।
सिस्टम बनाम स्टूडेंट्स: छात्रों ने बताई अपनी समस्याएं
इंदौर में आयोजित इस कार्यक्रम का विषय ‘सिस्टम बनाम स्टूडेंट्स’ था। कार्यक्रम में मध्य प्रदेश के छात्रों ने अपनी समस्याएं राहुल गांधी के सामने रखीं। किसी ने ओबीसी का मुद्दा, किसी ने आरक्षण का मुद्दा उठाया। मध्य प्रदेश में नर्सिंग शिक्षा की स्थिति को लेकर भी बात की गई। कई छात्रों ने समय पर परीक्षा और रिजल्ट जारी होने में देरी को लेकर भी अपनी बात रखी। वहीं एक छात्र ने MPPSC में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ आवाज उठाने पर खुद और दूसरे लोगों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की बात कही। आदिवासी छात्रों ने हॉस्टल और अन्य सुविधाओं की कमी का मुद्दा उठाया। शिक्षक भर्ती के अभ्यर्थियों के प्रदर्शन का मुद्दा भी कार्यक्रम में सामने आया। राहुल गांधी ने उनके आंदोलन में शामिल होने की पेशकश की। वहीं, राहुल ने कहा कि शिक्षा बच्चों का अधिकार है, कोई एहसान या सुविधा नहीं।
सरकार के पास दिया जलाने का पैसा, हॉस्टल के लिए नहीं
राहुल गांधी ने इंदौर के कार्यक्रम के बाद X पर हॉस्टल की कमी का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने लिखा कि एक छात्रा ने उनसे पूछा कि सरकार के पास दिया जलाने के लिए पैसा है, लेकिन उनके हॉस्टल के लिए क्यों नहीं। राहुल के मुताबिक, गांवों से शहरों में पढ़ाई के लिए आने वाली छात्राओं को हॉस्टल नहीं मिलने पर पीजी में रहना पड़ता है। किराया और सुरक्षित रहने का खर्च इतना अधिक है कि कई लड़कियां पढ़ाई छोड़ देती हैं।
कांग्रेस बोली- छात्रों के सवालों से डरता है सिस्टम
दूसरी ओर कांग्रेस ने भाजपा और आरएसएस पर शिक्षा व्यवस्था को खोखला और भ्रष्ट करने का आरोप लगाया। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि राहुल गांधी छात्रों के साथ खड़े हैं। इसी वजह से वे सरकार से सवाल पूछ रहे हैं और जवाबदेही मांग रहे हैं। राहुल गांधी ने कार्यक्रम में कहा कि छात्र जिज्ञासु होते हैं। वे संस्थानों के कामकाज, भर्ती, परीक्षाओं और रोजगार के अवसरों को लेकर सवाल करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में ऐसा सिस्टम बन गया है, जो छात्रों के सवालों से डरता है और सवाल पूछने वाले छात्रों की जगह अंधभक्त चाहता है। वहीं, राहुल ने इस सिस्टम की अलग-अलग परतों का जिक्र करते हुए पीएम नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, एनएसए अजित डोभाल, आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत और उद्योगपति गौतम अडाणी व मुकेश अंबानी के नाम का भी जिक्र किया। उनका कहना है कि ये ऐसे नाम हैं जिनका देश की राजनीतिक, संस्थागत और आर्थिक क्षेत्रों के अलग-अलग हिस्सों में प्रभाव है।
इधर, राहुल के कार्यक्रम के बाद सियासत गरमाई
बता दें कि कार्यक्रम में स्टैंडअप कॉमेडियन पुलकित मणि ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अंदाज से मिलते-जुलते हाव-भाव और संवाद किए। राहुल गांधी भी उनके साथ हंसते दिखाई दिए। राहुल ने पुलकित से कहा- ‘हाउ आर यू मोदी जी। नाइस टू मीट यू। और बताइए थोड़ा।’ इसके बाद पुलकित ने कई संवाद बोले, जिन्हें प्रधानमंत्री की नकल के तौर पर देखा गया। कांग्रेस के X हैंडल से इसका वीडियो भी साझा किया गया। वीडियो सामने आने के बाद भाजपा नेताओं ने इस पर आपत्ति जताई और कार्यक्रम में प्रधानमंत्री की दिवंगत मां के अपमान का आरोप लगाया।
राहुल के कार्यक्रम पर किस नेता ने क्या कहा-
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने X पर लिखा कि कांग्रेस पार्टी कॉमेडियंस और जोकर्स की पार्टी बन गई है। उन्होंने आगे लिखा कि वे हमेशा के लिए बाहर हो गए हैं और ‘रेस्ट इन पीस’।
वहीं, शिक्षा मंत्री प्रल्हाद जोशी ने भी राहुल गांधी और कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राहुल और कांग्रेस पार्टी नैतिक दिवालियापन के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गए हैं। उनके मुताबिक, छात्र संवाद का इस्तेमाल पीएम मोदी की दिवंगत मां का मजाक उड़ाने और उनका अपमान करने के लिए करना बुनियादी मानवीय संवेदना और राजनीतिक संस्कृति की कमी दिखाता है।

